रसिली रात ६ औरतो के साथ

Tony Phoker LICK SPA Owner

By TONY PHOKER

यह मेरा सबसे रंगीन, रसीला अदभुत और थोड़ा सा घिनोना किस्सा है। जिस रात मुझपे अमृतजल की खूब बरसात हुई। मेने ६ औरतो के साथ सम्भोग क्रीड़ा का भरपूर आस्वाद लिया था। ऐसी मदहोशभरी रात शायद ही इस धरती पर किसी ने देखी होगी। सच मे में खुदको बहुत ही भाग्यशाली समझता हूं। आप यह मेरा किस्सा पूरा पढ़ोगे तो आप भी मेरी बातों से सहमत होंगे। अगर आप bdsm के असली शौकीन है तो आपको मेरा यह अनुभव एक नई कामइच्छा का दीदार कराएगी।

मुझे एक दिन मेरे नियमित कपल क्लाइंट का फ़ोन आया था। जो महीने में २ बार मुझसे कपल मसाज लेते थे और मसाज के बाद मैं २-३ घंटे मैडम की चुत चाटता था। पिछले १० महीने से वो मुझे नियमित बुलाते थे।

फ़ोन पर सर बात कर रहे थे। उन्होंने मुझे कहा कि २ दिन बाद उनके घर में किट्टी पार्टी है। मुझे शनिवार रात के ८ बजे उनके घर पे आने कहा था। किन्तु पिछली बार मैडम ने कहा था कि रविवार को उनके घर में किट्टी पार्टी है। और पार्टी में मुझे Bdsm slave का किरदार अदा करना है। में थोड़ा सोच में पड़ गया था, शायद मैडम शनिवार को मुझे कुछ समजाएँगे और अगले दिन रविवार को किट्टी पार्टी में बुलाएंगे। में बहुत उस्साहित था।

अभीतक मेने ९ बार किट्टी पार्टी में औरतों को मसाज और सेक्स थेरेपी दिया था। अपने आजपास आधेनग्न हसीन खूबसूरत औरतों का जमावड़ा एक अलोवकीक अहसास कराता है। ऐसेमें जब उन औरतों को चूमने, चाटने, चोदने का जबरदस्त मौका मिले तो जिंदगी लाजवाब है।

में शनिवार की रात के ८ बजे उनकी सोसाइटी के गेट के पास पोहचा और सर् को कॉल किया। सर् ने फ़ोन पर कहा, “टोनी, आज घर पे ५-६ औरते आई हुई है, आज रात में अपने दोस्त के घर जा रहा हु। मैडम और उनकी सहिलियो को खूब अछेसे सर्विस देना, और हा तुम भी बड़े मजे करना”।

मेरी उसुक्ता बढ़ रही थी, मेरे कदम तेज हो गए थे। में तुरंत मैडम के घर पर पोहचकर दरवाजे की बेल बजाई। दरवाजा मैडम की एक सहेली ने खोला। उनकी उम्र ३६ होगी, उन्होंने हल्के गुलाबी रंग का वनपीस पहना हुआ था, जो घुटनों से खाफी ऊपर था। मेरी पहली नजर सीधे उनके जांघो पर जाके अटक गई थी। उन्होंने मुझसे पूछा, “क्या आप टोनी हो”? मेरे हा कहते ही उन्होंने मुझे अंदर बुलाया। हॉल में और २ औरते थी। उनकी उम्र भी करीब एक समान थी। मैडम को मेरे आने का पता चला और वोह किचन से हॉल में चले आये। मैडम ने उनकी सभी सहिलियो को हॉल में बुलाया और सबसे मेरा परिचय कराया।

मैडम और उनके ५ सहिलिया, कुल मिलाकर ६ औरतों का जमावड़ा मुझे घेरे हुए था। उनमें से एक औरत जिनकी उम्र करीब ४५ होगी, उन्होंने मुझसे पूछा, “तुम अकेले आये हो, तुम्हारे साथी कहा है?” इतना कहकर उन्होंने मैडम से पूछा, “और लड़के कहा है?” मैडम मेरा हाथ पकड़कर मुझे किचन में लेकर गए, और मुझसे कहा, “टोनी, मेने आपकी bdsm वाली वेबसाइट देखी, उसमे बहुत कुछ लिखा था, क्या आप सचमे वो सारी चीजें करते हो?” मेने कहा, “हा मैडम, में सब कुछ करता हु, अबतक आपकी bdsm जी जरूरत नही थी इसलिए आपको इस बारे में कुछ नही बताया। में बहुत कुछ करता हु”।

मैडम मुस्कुराए और मुझे हॉल में लेकर गए। सभी औरते सोफे पर बैठके बाते कर रहे थे। मैडम ने मेरे कंधे पर हाथ रखा और उनकी सहिलियो से कहा, “आज रात, मेरा टोनी आप सभी का गुलाम है, जिसे जो चाहे इसके साथ कर सकते हो”। मैडम और कुछ कहते इतने में एक सनकी औरत मेरे करीब आई और मुझे बिना सोचे समझे थप्पड़ जड़ दिया। आगे और कुछ करे इससे पहले मैडम ने उसे रोक लिया और एक सूचना दी की “पार्टी में सभी मेंबर आये है, आज की पार्टी एक नग्न पार्टी होने से, सभीजन संपूर्ण नग्न होकर पार्टी का आनंद लेंगे”।

पिछली बार मैडम ने नग्न पार्टी का आयोजन किया था, सभी को काफी मजा आया था, इसलिए पार्टी में जबरदस्त तड़का लाने के लिए मुझे बुलाया और फिर से नग्न पार्टी का आयोजन किया था।

अचानक से सभी औरते जोश में आ गए और सभी अपने अपने कपड़े उतारकर एक दूसरे के ऊपर फेकने लगे। में सीधे वाशरूम चला गया, वही अपने कपड़े उतारे, जल्दी जल्दी शॉवर ली और पूरा नग्न होकर हॉल में चला गया। हॉल में सभी औरते सम्पूर्ण नग्न होकर अपनी अपनी पैंटी से एक दूसरे को मार रहे थे। उन सभी के सेक्सी बदन को देखकर मेरा लैंड तेजी से खड़ा हो रहा था। फिर उनमें से एक औरत मेरे करीब आई और उनकी पैंटी को मेरे मुह में घुसेड़ ने लगी, एक एक करके सभी औरतो ने मुझे घेर लिया और मुझे उनकी पैंटी से मारने लगे। खड़े खड़े मेरा तमाशा बन गया था। मेने एक औरत के चुचियो को दबोचके उनकी निप्पल्स को चुसने लगा।

फिर एक औरत ने जोर से मेरा कान पकड़ा और मुझसे कहा, “सुना है, तुम्हे चुत चाटने का बहुत शौक है, आज तेरा शौक पूरा कर देती हूं”। इतना कहकर वो सोफे पर बैठ गए। उन्होंने सभी को इशारो से कुछ कहा और सारी औरते उसके चुत पे थूकने लगें। फिर उन्होंने मुझे उनकी चुत चाटने कहा। चुत सभी की थूक से बहुत गीली और चिपचिपी हो गई थी। देखने मे घिन आ रही थी, फिर भी में चुत को चाटने लगा। चुत के भीतर मेरी जुबान जाते ही मुझे अच्छा लगने लगा था और मेे बड़े मजेसे उनकी चुत चाटने लगा। मुझे बहुत मजा आ रहा था। इतना मजा की मेरा लैंड पूरी तरह से सख्त कठोर हो चुका था। चुत चाटते चाटते उनकी चुत के दाने को चूसता था। कुछ १५ मिनट तक चुत चाटने के बाद, मैडम ने मेरे कंधे पर दोनों हाथ रखे और मुझे धक्का देकर खुदसे अलग किया।

मैं एक पैर पर संतुलन बनाकर बैठा हुआ था, मैडम के हल्के से धक्का देनेपर मैं पीट के बल गिर पड़ा। इसका फायदा उठाते हुए एक मोटी औरत, जिसका वजन करीब ९०kg होगा, वो मेरे सिनेपर आके बेठ गई। मेरी बोलती बंद हो गई थी। वो मोटी मैडम मेरे छाती पर बैठकर सबसे पूछने लगी, “प्लान क्या है, गेम क्या है”? और मेरा नाक दबाने लगी थी।

मैडम ने सभी औरतों को डाइनिंग टेबल पर जमा होने कहा और मैडम उनकी एक सहेली को किचन में लेकर गए। डाइनिंग टेबल बहुत बड़ा था, उसपर अनेक फल, पानी का जार, काचके ५ गिलास, और पत्तो की २ गड्डी थी।

४ औरतें डाइनिंग टेबल पर अपना अपना आसन लेकर बैठ गए थे। कुछ ५ मिनट में मैडम और उनकी एक सहेली किचन से वेफर्स के ३ पुड़िया, कुकीज़ से भरा एक जार, बियर के ३ बोतले और २ थाली भरकर चिकन चिली, मलाई चिकन लेकर आये थे। खुर्ची पर बैठे चारो औरते जोर जोर शोर मचाने लगे। एक औरत ने शराब की दो बोतले हाथ में ली और अपनी बाहों को फेहलाते हुए एक अजीब सा आवाज निकालने लगे, मनो उनकी उत्सुकता का प्रमाण दे रहे हो।

मैडम ने सबको शांत कराया और हॉल में सोफे के पीछे रखे ब्लैकबोर्ड को उठाकर ४२इंच बड़ेसे led टीवी के सामने खड़ा किया। ब्लैकबोर्ड पर एक सूची लिखने लगे।

१. रम्मी १० बारी
२. विजेती औरत टोनी से कुछ भी करवायेगी
३. संगीत खुर्ची १० बारी
४. टोनी संगीत बजायेगा
५. जो औरत हारेगी, टोनी उसके साथ वही करेगा जो बाकि के औरते कहेंगे
६. DJ संगीत पर सामूहिक नृत्य करेंगे
७. संपूर्ण आजादी के साथ जो चाहे करेंगे

मैडम ने ब्लैकबोर्ड पर सारी बातें बड़े साफ़ अक्षरों में लिखी हुई थी। सूचि को पढ़ते हुए ही सभी काफी उस्तुक हुए थे। मैं तो अपनी स्थिति शब्दो में बयां नहीं कर सकता। मेरे आँखों के सामने ६ औरते नग्न अवस्था में बैठे थे। उन सभी औरतो के चूचियों और चुत देखकर मेरा कठोर लंड प्यासा हो चूका था और डाइनिंग टेबल पर रखे मलाई चिकन की थाली को देखकर मेरे मुंह में पानी आ रहा था।

अभी सभी औरते बैठकर पत्ते खेलने लगे। २ औरतो ने टेबल पर रखे २ पत्तो की गड्डियां उठाई और उसे अच्छेसे पीसने लगे। दोनों औरतो ने अच्छेसे गड्डियां पीसने के बाद मैडम के सामने रखे। मैडम सभी को पत्ते बाटने लगे। मैं भी उन्ही के बीच बैठा था। मैडम मुझे भी पत्ते बाटने लगे थे। मेने मना किया क्योंकि मुझे ताश के पत्तो को कुछ भी ज्ञान नहीं था। मेने अपने जीवन में कभी पत्ते नहीं खेले थे।

फिर मैडम ने मुझे छोड़कर बाकी सभी को एक समान पत्ते बाटे थे। सभी औरते जोश में आकर पत्ते खेलने में मग्न हुए। मैं एक दर्शक बनकर उन्हें देखता रह गया। मन कर रहा था, जबतक वो पत्ते खेलते है, मैं एक एक करके सभी औरतो के चूचिया और चुत को चूसता रहूँ। लेकिन वो सारे औरते पत्ते खेलने में काफी मग्न थे। मैं बस चुपचाप उन्हें देखता रहा और खेल की पहली बारी ख़त्म होने का इंतजार करने लगा।

रात के ९.२५ बजे थे। लगभग १० मिनट तक पत्तो की अदला बदली होने के बाद आखिरकार ताश की पहली बारी संपन्न हुई। एक औरत जिसकी उम्र करीब ४० होगी, कद से ५.४इंच, वो विजेती थी। मेरे पास में बैठी एक दूसरी औरत ने मुझे खड़ा होने कहा। जीती हुई औरत मेरे पास आई और सभी से पूछने लगी की वो मेरे से क्या करवायेगी।

मैडम ने सभी से कहा, “कोई कुछ नहीं कहेगा। जो औरत जीतेगी वो ही टोनी पर हक जमायेगी”। उस औरत ने २ मिनट तक कुछ सोचा और फिर मुझे कहा की जबतक दूसरी बारी संपन्न नहीं होती मैं उनके पैर को चाटता, चूमता रहूँ। यह सुनकर सभी औरते शोर मचाने लगे, २ औरतो ने जोर से सिटी मारी और एक औरत ने शाबासी दी। मैडम ने मेरी ओर देखा और मुस्कुराये। मैडम को पता था कि मुझे चाटने का कितना बड़ा शौक था, चाहे चुत हो, गांड हो, पैर हो , मैं बड़े मजे लेकर देर तक चाट सकता हु।

अब फिर से पत्ते बाटे जाने लगे थे। मैं उस विजेती औरत के खुर्ची के पास नीचे फर्श पर बैठ गया और उनके पैरों को चूमने लगा और पैरों की उंगलियों को चूसने लगा। अब सारे औरते काफी शांत होकर हँसी मजाक करते हुए पत्ते खेलने लगे थे। २ औरतो ने वेफर्स की पुड़िया और कुकीज़ का जार खोलकर वेफर्स और कुकीज़ खाने लगे थे। इतने में, मैडम ने सबसे क्षमा मांगी और सभी के लिए बियर के गिलास भरने लगे। डाइनिंग टेबल पर ५ गिलास मोहजुड़ थे। मैडम ने उनकी एक सहेली को किचन से २ गिलास लाने भेजा। मैडम ने सभी के सामने बियर का गिलास रखा था। मैडम ने मेरे लिए भी बियर का गिलास भरा था।

मैं शराब नहीं पीता हूं। मेने मना किया, और वैसे भी उस वक्त मैं एक तरह से काम (sexual duty) के लिए उनके पास आया था, शराब पिने के बारे में भी सोच नहीं सकता था। एक औरत ने मैडम से पूछा की उन्होंने किस लड़के को बुलाया है। जो रम्मी नहीं खेलता, बियर नहीं पीता। शुरू में ही हर बात के लिए मना कर रहा है, फिर कैसे चलेगा? मैडम ने सभी को अस्वासन दिया की मै आगे से किसी भी बात के लिए ना नहीं कहूंगा।

मैडम में मुझसे कहा, “टोनी, आप भूलो मत की आप हम सभी के गुलाम का किरदार अदा कर रहे हो। हम जो भी कहेंगे, आपको करना ही होगा। आगेसे आप किसी भी बात के लिए ना नहीं कह सकते हो। और आपने अभी तक २ बार रम्मी खेलने से और बियर पिने से मना किया है। इसकी सजा आपको रम्मी के १० बारिया पूरी होने के बाद मिलेगी। आगे से ध्यान रखना, ना बिलकुल नहीं कहना”।

मेने मैडम से क्षमा मांगी और वचन दिया की आगे से जो भी करने कहेंगे बिना संकोच सब कुछ करूँगा। मैडम को यकीन दिलाया कि मैं कुछ भी करूँगा, किन्तु मैडम की बाते सुनकर मेरे मन में बेचैनी होने लगी थी। नजाने मुझसे क्या क्या करवाएंगे।

मैं खुदसे काफी खफा हो गया था। क्लाइंट्स की संतुष्टि बहुत दूर की बात हो गई, मेने तो शुरू में ही उन्हें नाराज कर दिया था। मेने अपने मन में एक बात थाम कर दी की मुझे जो भी करना पड़े, मैं बड़े शिददत से करूँगा। bdsm session जो सबसे घटिया, घिनोना तकलीफदेय और दर्दभरा होता है, मुझे bdsm के कुछ क्रीड़ाओं का प्रयोग एक गुलाम बनकर करना था।

मुझे एक महिला क्लाइंट की बाते याद आई। उसकी उम्र ६१ थे और पेशे से वो भी एक लेखिका थी। आध्यात्मिक विषयो में उन्होंने ३ किताबे लिखी थी। उन्होंने कहा था कि “सेक्स क्रीड़ा शरिर का सुख नहीं, अंतरात्मा की भूख होती है। सेक्स में संतुष्टि और परमानंद पाने हेतु अपने शरीर का ताबा, हमें अपने अंतरात्मा के आधीन करना चाहिए। फिर सेक्स की हर एक क्रीड़ा आपको जन्नत का एहसास कराएगी”। इन पंक्तियों में गहरा अर्थ छुपा हुआ है, जो मैं शब्दो में बयां नहीं कर सकता, अन्यथा मेरा यह किस्सा आध्यात्मिक की ओर बढ़ जायेगा, जो उचित नहीं है।

मेने अपना पूरा ध्यान उस विजेती औरत के पैरों में लगाया और बड़े प्यार से उनके पैरों को चूमने लगा। उनके पैरों की छोटी छोटी उंगलिया बड़े खट्टे मीठे लग रहे थे। सभी औरते पत्ते खेल रहे थे। बिच बिच में शराब और चिकन का स्वाद ले रहे थे। साथ ही साथ एक दूसरे के किस्से बता रहे थे। मैं जिस औरत के पैर चाट रहा था, उन्हें काफी मजा आ रहा था। उन्होंने उनका दूसरा पैर मेरे लंड पर रखा था और हलके दबाव से मेरे लंड को घिस रहे थे।

रम्मी की दूसरी बरी जल्दी खत्म हुई। एक मोठी औरत उस पारी को जीती थी। यह वही औरत थी जो कुछ देर पहले मेरे सीने पर बैठी थी। मैं अपने जगह से उठ खड़ा हुआ और उस औरत के पास गया। उस औरत ने कहा कि वो मुझे बियर पिलाएगी लेकिन उसके अंदाज़ से। उन्होंने गिलास हाथ में लिया, जिसमे से आधी बियर उन्होंने पी रखी थी। बोतल से गिलास में थोड़ी और बियर भर दी और मुझे घुटनो के बल बैठने कहा।

उस मोटी औरत ने गिलास से बियर का एक घोट अपने मुंह में अच्छेसे घुलाया, बियर का पूरा स्वाद लिया और फिर उस बियर के घोट को मेरे मुंह में थूक दिया। बियर का वह झांग मुझे बहुत ही कड़वा और गन्दा लगा। यह देखकर एक औरत खुर्ची पर खड़ी हुई, उसने एक पैर खुर्ची पर और दूसरा पैर डाइनिंग टेबल पर रखा और जोर से चिल्लाई “Oh My God”। अगर मैडम मेरे मुंह में थूकते तो मुझे अच्छा भी नहीं लगता और बुरा भी नहीं लगता, लेकिन उस मोटी औरत का मेरे मुंह में थुंकना बहुत ही घिनोना लग रहा था।

उस औरत ने ५ बार उसकी झूटी बियर मेरे मुंह में थूक कर पिलाई। मुझे इसतरह बियर पिता देख, सारी औरते जंगली हो गए थे। उनमें से २ औरतो ने मुझे इंग्लिश में ४-५ गालिया दी। मेने उनकी गलियों को नजर अंदाज़ किया था। सभी औरतों अचानक से काफी जोश में आये थे।

मुझे बियर का हल्का सा एहसास हो गया था। मेरी आँखें घूम रही थी और मेरे होंठो पर बेवजह मुस्कराहट खिल उठी थी। मुझे झूठी बियर पिलाने के बाद सारी औरते फिर से पत्ते खेलने में गुम हो गए थे। उनका शोर शराबा मुझमे काफी जोश भर रहा था। इस बार हर कोई चाह रहे थे की वोही जल्द से जल्द रम्मी की पारी जीते और उन्हें मेरे साथ कुछ मस्ती करने मिले।

कुछ ५ मिनट में तीसरी पारी एक शर्मीली औरत जीती। उन्होंने मुझे ५ मिनट कंधो का मसाज करने कहा था। मैं उस शर्मीली औरत के कंधों का मसाज करने लगा और वो सारी औरते रम्मी की चोवथी पारी खेलने लगे। मैं कंधे का मसाज करते वक्त अपने कठोर लंड को उस शर्मीली औरत के पिट पर घीस रहा था। मुझे बड़ा मजा आ रहा था। कुछ ही देर में चोवथी पारी खेली गई।

वो पारी एक औरत जीती, जिसकी उम्र ३२ होगी, वो काफी जवान खूबसूरत थी। मैं उस औरत के पास जा के खड़ा हुआ। उस खूबसूरत औरत ने बिना देर लगाये मुझे उनकी गांड चाटने का आदेश दिया। जबतक खेल की पांचवी पारी पूरी नहीं होती, मुझे उनकी गांड चाटनी थी। सभी औरते बहुत खुश हुऐ थे।

उस खूबसूरत औरत ने उनकी खुर्ची को डाइनिंग टेबल से दूर किया और वोह थोड़ा झुकके खड़े हुए। मैं अपने घुटनों पर बैठकर उस औरत की गांड चाटने लगा था। मुझे बहुत मजा आ रहा था। मैं अपनी पूरी जुबान गांड के भीतर तक डालके अच्छेसे चाट रहा था। मेरा लंड बहुत ही सख्त और कठोर हो चूका था। मेरा पूरा ध्यान गांड चाटने में इतना गुम हुआ था कि उस वक्त वो सारी औरते क्या कर रहे थे मुझे पता ही नहीं चला।

अचानक से उस खूबसूरत औरत ने मुझे रोक दिया था। तब पता चला की पांचवी पारी खेली जा चुकी थी। और दुर्भाग्यवश उस पारी को वही मोठी औरत ने फिर से जीता था। मैं चुपचाप उस मोठी औरत के करीब जाके खड़ा हुआ। लेकिन वोह मोठी औरत मुझसे कुछ करवाती उससे पहले मैडम ने कहा कि सभी औरतों को टोनी के साथ मस्ती करने का मौका मिलना चाहिए। इसलिये विजेती औरत अपना मौका दूसरी औरत को देगी जिसको टोनी के साथ मस्ती करने का मौका नहीं मिला। किन्तु उस औरत को वही करना होगा जो विजेती औरत करने कहेगी।

उस मोठी औरत ने सभी को पूछा कि वो मुझे झूठा चिकन खिलाना चाहती थी तो उसके बदले कोन टोनी को झूठा चिकन खिलाना चाहेगी। एक औरत आगे आई। यह वही औरत थी, जब मोठी औरत मेरे मुंह में बियर थूक रही थी तब वह औरत खुर्ची पर खड़े होकर शोर मचा रही थी।

उस औरत की उम्र ३५ होगी। बहुत गोरी चिकनी थी। उसने चिकन का एक टुकड़ा अपने मुंह में डालकर ५-६ बार चबाया और उस चबाये हुए चिकन को मेरे मुंह में थूक दिया। मेने उस झूठे चिकन को अच्छेसे चबाकर खा लिया। इस बार मुझे घिनोना नहीं लगा बल्कि बड़ा अच्छा लगा। मैं बेसबरी से और झूठे चिकन का मेरे मुंह में थूकने का इंतजार करने लगा था। वो औरत काफी टाइमपास कर रहे थे। कुछ पांच मिनट टाइमपास करने के बाद फिर से झूठा चिकन खिलने लगे थे। उन्होंने भी गिनकर ५ बार मेरे मुंह में चबाया हुआ चिकन थूका और उसे मेने बड़े चाव से खाया था।

चिकन खाना खिलाने के बाद फिर से सभी औरते रम्मी की छटवीं पारी खेलने लगे। इकतफ़ाक से १ मिनट के भीतर छटवीं पारी मेरी रेगुलर मैडम जीत चुकी थी। मैडम ने कहा कि उनकी एक कामइच्छा है कि उनकी सहेलियों के सामने किसी अजनबी आदमी से चुदाई करनी है।

मैडम की कामइच्छा सुनकर मेरे रोम रोम में काम वासना की तेज बिजली दौड़ने लगी थी। मैडम ने कही बार मुझसे मसाज लिया था किंतु एक बार भी मुझे चोदने नहीं दिया था। और उस रात मैडम मुझसे चुदवाने के लिए कह रहे थे। मेने मैडम को सोफे की ओर इशारा करते हुए पूछा की मैडम किस अंदाज में चुदवाना पसंद करेंगे। मैडम ने कहा था, “Doggy Style”।

मेने तेजी से अपने बैग की ओर दौड़ लगाई, बैग से कंडोम का पैकेट निकाला और मैडम को सोफे के पास लेकर गया था। सभी औरते अपनी जगह से उठकर सोफे के पास आ गए थे। जोश में, मेरा लंड पहले से ही सख्त हो चूका था। मेने अपने लंड पर कंडोम चढ़ाया और मैडम को doggy style में झुकाकर उनकी चुत और गांड को २ मिनट चाटने लगा था। मैडम की सारी साहिलियो ने हमें घेर लिया था। मेने बिना देर लगाये, मैडम को doggy style में धीरे धीरे चोदने लगा।

मैडम की सहेलिया मैडम और मुझे गालिया दे रहे थे और गन्दी गन्दी बाते कर रहे थे। एक औरत ने मेरे गांड पर चाटा मारा और जोर से चोदने कहा। मैं मैडम को जोर जोर से चोदने लगा। अपने दोनों हाथों से मैडम की कमर को कसके पकड़ा और जोरो से हिसके देते हुए मैडम को चोदने लगा। अब मेरा पानी निकलने वाला था। मेने तुरंत चुत से लंड बाहर निकाला और मैडम की चूत चाटने लगा। मैडम का पानी निकल चुका था। उनके चुत से मलाई बह रही थी। मेने वो सारी मलाई अच्छेसे चाट कर साफ़ की थी। अपने २ उंगलियो को चुत में डालकर अंदर की बची हुई मलाई अपने उंगलियो से बाहर निकली और मैडम की सभी साहिलियो को दिखाकर अपने उंगलियो को चूसकर बचिकुची सारी मलाई चट कर दी थी।

अब फिर से अपने लंड को पकड़ कर मैडम के चुत में डालने लगा, किन्तु मैडम ने मुझे रोक लिया और उन्होंने खड़े होकर मेरे लंड पर चमाट मारी थी। हमारी live sex देखकर मैडम की सारी सहेलियों को काम वासना का चसका लगा हुआ था। अब किसी को रम्मी खेलने में कोई रूचि नहीं थी। सभी औरते एक दूसरे को देखते हुए सोच में पड गए थे कि आगे क्या करे।

मैडम ने सभी को पूछा कि किस किस को रम्मी की और पारिया नहीं खेलनी है? सभी औरतो ने ना कहा था। एक औरत जिसने मुझे उनकी गांड चटवाई थी, वो खूबसूरत औरत बोली की टोनी को सजा देनी है, क्योंकि मेने रम्मी खेलने से और बियर पिने से मना किया था।

मैडम ने मुझे दिवार की तरफ मुह करके खड़े होने कहा था। मैडम और उनकी सहेलियां आपस में बातचीत करने लगे की मुझे क्या सजा देंगे। मै समझ नहीं पा रहा था कि वे सारे मेरे साथ क्या करना चाहते थे। कुछ ५ मिनट तक बातचीत होने के बाद मैडम में मुझे उनके पास बुलाया था। मैडम ने कहा, “टोनी, हम सब एक एक करके आपको सजा देंगे, क्या तुम तैयार हो अपनी सजा पाने के लिए”? मेने हामी भरी और वही चुपचाप खड़ा रहा।

रात के १०.५० बजे थे। मैं बहुत बैचेन हो चूका था। न जाने यह सारी औरते मेरे साथ क्या करेंगे। मैडम ने एक नियम बनाया की रम्मी के पारियों में जिस क्रम से एक एक औरत ने मुझसे अजीब अजीब काम कराया था, उसी क्रम से एक एक औरत मुझे सजा देगी। सारी औरते क्रम से अपने पारी का इंतजार करते हुए आपस में बाते करने लगे थे।

पहली औरत मेरे पास आई और उसने कहा कि वो मेरे गांड पर २ लाते (kick) मारना चाहती है। वो औरत नियमित रूप से कराटे का सराव करती थी। मेने अपने दोनों हाथों को दिवार पर रखकर थोडासा झुक गया। उस औरत ने मेरे गांड पर जोर से पैर घुमाकर लगातार ७ लाते मारी। लाते बहुत जोर से मारी थी पर मुझे इतना दर्द नहीं हुआ।

दूसरी औरत जो मोठी थी। वो मुझे अपने भारी बदन से कुचलना चाहती थी। उसने मुझे सोफे पर लेटने कहा और वो सीधे मेरे चेहरे पर बैठ गई। उसकी चुत थोड़ी गीली हुई थी और मैं आसानी से उनकी चुत चाट पा रहा था। वो मोठी औरत मेरे चेहरे पर उछल कूद करती रही और मैं उनकी चुत चाटने का मौका लपेट रहा था। फिर वो मेरे छाती पर बैठकर उछलने लगी। करीब २ मिनट छाती पर बैठने के बाद अचानक से वो औरत मेरे लंड पर बैठ गई थी।

मैडम की चुदाई के बाद मेने कंडोम निकाल के रहा था। बिना कंडोम के मेरा लंड उस मोठी औरत के बडी सी फैली हुई चुत में घुस गया। इसका एहसास हम दोनों को हुआ था। मुझे बहुत ही मजा आया लेकिन उस औरत को इतना पसंद नहीं आया। वो तुरंत उठ खड़ी हुई और वाशरूम की ओर दौड़ पड़ी।

तीसरी औरत जो काफी शर्मीली और कम उस्सही थी, उसने मुझे कुत्ते का किरदार निभाते हुए जोर जोर से भोकने कहा था। मैं अपने घुटनों पर बैठ गया और जोर जोर से भोकते हुए उस औरत के करीब गया था।

चोवथी औरत जिसने शुरू में ही मुझे बिना वजह थपड़ जड़ दिया था। उसने फिर से मुझे ५ चाटे मारने की इच्छा जताई थी। अब मेरा बचना नामुनकिन था। मेने अपनी आँखें बंद की और अपने दोनों गाल आगे किये। सच में वो बहुत ही कमीनी औरत थी। मुझे बहुत जोर से मेरे गाल पर चाटे मारे और फिर अपना हाथ मलते रहे। मेरे दाये गाल पर ४ और बाहे गाल पर १ थपड़ जड़ दिया था। मेरा दाया गाल बहुत लाल हो गया था। गाल पर हल्का सा जलन महसूस हो रहा था।

पाचवी औरत जो मेरी रेगुलर मैडम थी। मैडम ने कहा कि वो मेरे गाड़ पर पट्टे से वार करना चाहते है। मैडम बैडरूम में गए और उनके पति के कमर का पत्ता लेकर आये। मुझे सोफे पर कुत्ते के अंदाज़ में झुकने कहा। जैसे में झुका, मैडम में मेरे गांड पर पट्टे से मारने लगे थे। मैडम ने मेरे गांड पर १०-१२ वार किए थे। मुझे बहुत दर्द हुआ था। एक पल के लिए मैं सोच में पड गया था की मैडम मुझे बहुत पसंद करते है फिर भी उन्होंने मुझे पट्टे से खूब मारा था।

अब तो मेरा एक ही काम था। एक हाथ से गाल को सहलाना और दूसरे हाथ से गांड को सहलाना। मेरे गाल और गांड दोनों लाल निले हो चुके थे। उन औरतो की सजा मेरे लिए सबक बन चुकी थी।

रात के १२ बज चुके थे। अब संगीत खुर्ची का खेल होने वाला था। लेकिन सभी औरतें नाचगाना और संभोगक्रीड़ा में डूबने चाह रहे थे। किसी को भी संगीत खुर्ची का खेल नहीं खेलना था।

मैडम ने सभी से कहा कि कुछ देर हम सभी जमके नाचेंगे और उसके बाद टोनी सभी की चूत को चाटेगा। जो भी टोनी के साथ सम्भोग करना चाहते है वो बिनधास्त होकर सम्भोग का आनंद लेंगे। मैडम ने हॉल की सारी लाइट बंद कर दी और सीलिंग पर टंगे बहुत ही खूबसूरत झूमर की मंद लाइट चलाई। साथ ही, म्यूजिक सिस्टम चालू किया जिसपर रीमिक्स DJ गाने बजने लगे।

हम सब बड़े मस्ती में नाचने झूमने लगे। हलके अँधेरे में सभी औरते एक दूसरे के बदन से बदन लगाकर सेक्सी नाच रहे थे। मेने भी अँधेरे का फायदा उठाते हुए एक एक करके सभी औरतो के गांड और चूचियों को सहला रहा था। नाचते हुए गलती से मेरा हाथ उस मोठी औरत के पीठ पर लगा था। उस मोठी औरत ने तुरंत मेरा हाथ पकड़ा और मुझे गले लगाया। मेरे होठो की चुम्मी ली।

मेरी एक बड़ी कमजोरी है। जब मैं किसी औरत के होठो को चूमता हु। मै उस औरत का दीवाना हो जाता हूं। मेने भी उस मोठी औरत के होठो को चूमने लगा। मेरा लंड धीरे धीरे खड़ा हो रहा था। किंतु उस औरत के होंठो को चूमने ही मेरा लंड तेजी से खड़ा हुआ और उसके चुत को घिसने लगा। वो औरत मुझे सोफे के पास लेकर गई। वो सोफे पर बैठ गई और मुझे उसकी चुत चाटने की इजाजत दे दी। मेने झटसे उसकी चुत को चाटने लगा। जो मजा फैली हुए चुत चाटने में आता है उसका कोई तोड़ नहीं। मै बड़े मजे से उस मोठी औरत की चूत चाटने लगा। बाकि के ५ औरते नाचने में मग्न थे।

मैं लगभग ३० मिनट तक लगातार चुत चाटे जा रहा था। चुत की मलाई मुझे बहुत भा गई थी। चुत के मलाई का स्वाद मेरे मुंह में अच्छेसे घुल रहा था। एक दूसरी औरत हमारे पास आई और मेरे पीठ पर बैठकर मेरे बाल नोचने लगी थी। मैं उसकी शकल देख नहीं पाया था।

इतने में मैडम ने संगीत बंद किया। २ महिलाये वाशरूम चले गए। रात के १.१५ बजे थे। नाच नाच के सभी का नशा कम हुआ था। मैडम सभी को उनके बैडरूम लेकर गए। मुझे फ्रीझ से बियर के ६ बोतले लाने कहा था। मेरे मदत के लिए एक औरत मेरे साथ किचन में चली आई थी। हमने बियर के ६ बोतले लेकर बैडरूम चले गए। मैडम भी किचन में आये और उन्होंने नमकीन के कुछ पैकेट्स अपने साथ लेकर एक दूसरी औरत के हाथ में थमा दिया और उसे बैडरूम भेज दिया।

बैडरूम में बड़ा सा आलीशान बिस्तर था, २ खुर्चीया थी और १ छोटा सा स्टूल रखा हुआ था। मैडम २ थाली लेकर आये और उसमें नमकीन के पैकेट्स खोलके रखे। सभी औरतों ने बियर की एक बोतल हाथ में ली और बाते करने लगे। मैडम ने मुझसे कहा कि मैं सबकी चुत चाट सकता हु। मेने चुत चाटने की शुरुवात मैडम से की थी।

मैडम बेड पर बैठकर बियर पि रहे थे और मैं उनकी चुत चाट रहा था। मैडम की चुत लाजवाब थी। मैं अपनी जुबान को चुत के भीतर तक डालकर चुत को बड़े प्यार से चाट रहा था। लगबग १५ मिनट तक चुत चाटने के बाद मैडम के चुत से मलाई निकली। मेने उनकी चुत की सारी रसमलाई चाट ली थी।

फिर मैं दूसरी औरत के चुत को चाटने लगा था। वो औरत खुर्ची पर बैठी थी। एक तरफ मैं उनकी चुत चाट रहा हु और वोह किसी बात पर गहरी चर्चा कर करे थे। कुछ ५ मिनट ही चुत चाटी होगी की वो मोठी औरत ने मुझे उसके पास बुला लिया था। वो मोठी औरत भी एक खुर्ची पर बैठी हुई थी। जैसे मै उसके पास गया। उसने अपने मुह की झूटी बियर मेरे मुह में थूक दी और मुझे चुत चाटने कहा।

मैं बड़े चाव से उस औरत की चुत चाटने लगा था। मुझे बहुत मजा आ रहा था। किंतु बियर की वजह से मेरे मुह में कड़वापन आ गया था। चुत का स्वाद भी मुझे कड़वा लगने लगा था। ऊपर से वो मोठी औरत बार बार मेरे मुह में उसकी पि हुई झूठी बियर थूक रही थी। उस औरत ने मुझे इतनी बियर पिलाई थी की अब मुझे चक्कर सा आने लगा था। मेरा सर भारी हो गया था।

उस मोठी औरत की चुत लगबग २० मिनट तक चाटी थी। उसके चुत से रस निकलने के बाद मुझे दूसरी औरत के पास भेजा। यह वो औरत थी जिसने पत्ते के खेल के दोहरान मुझसे गांड चटवाई थी। अभी भी उनको गांड ही चटवाना था। वो औरत पेट के बल लेट गए थे और मैं उनकी गांड चाट रहा था। मुझे बहुत मजा आ रहा था। गांड चाटते हुए मैं इतना कामुक हो गया था कि मेरे लंड से पानी निकल गया, जो मेने मैडम के चुदाई के वक्त रोक के रखा हुआ था। मेरे लंड से पानी निकलने के बाद भी मैं गांड चाट रहा था। बिच बिच में चुत को चाटने की कोशिश कर रहा था।

कुछ देर बाद सभी औरतो ने उस शर्मीली औरत को मुझसे चुत चटवाने के लिये मनाया। उस शर्मीली औरत को चुत नहीं चटवानी थी। सब के जिद्द के आगे वो राजी हुई थी। मेने बड़े प्यार से उसके चुत को चाटने लगा था। किंतु केवल १० सेकंड्स के भीतर उसने मुझे रोक लिया। उसे अच्छा नहीं लगा था। फिर मैं अपने लंड को धोने वाशरूम चला गया था।

मैं ठीक से चल नहीं पा रहा था। बियर का नशा मुझपर हावी हो रहा था। मुझे कुछ भी समझ नहीं आ रहा था। मेने करीब ३ साल बाद बियर पिया था। वाशरूम से होकर जब बैडरूम में गया। मैं पूरी तरह से नशे में था। मुझे बस इतना याद है कि मैं उन सभी औरतों की बारी बारी से चुत और गांड चाट रहा था। २ औरते बार बार मेरे मुह में उनकी झूटी बियर थूक रहे थे। १ औरत मुझे चाटे मर रही थी और मेरे निप्पल्स को खींच रही थी।

रात के करीब ३ बजे होंगे। सारी औरते पुरे नशे में और नींद में थे। ४ औरते सोने के लिए दूसरे कमरे में चले गए थे। अब इस बैडरूम में मेरे साथ वो मोठी औरत और एक दूसरी औरत थी। मैं इतना नशे में था कि मैं ठीक से समझ नहीं पा रहा था कि मैं किसके साथ क्या कर रहा था।

बेड पर हम ३ थे। मैं और २ औरते। मैं पीठ के बल लेटा हुआ था। अचानक से वो मोठी औरत मेरे लंड को सहलाने लगी। जैसे मेरा लंड खड़ा होने लगा, वो मेरे लंड को चूसने लगी। मेरा सारा नशा झट से उतर गया। मैं उस मोठी औरत के बालो को सहलाने लगा। फिर उसने मेरे होंठो की चुम्मी लेनी चाही। मेने कसके उसको अपने बहो ने लिया और उसके होठो का जाम चखने लगा। वो नीचे लेटी हई थी और मैं उसके उपर था। मेरा लंड बहुत सख्त हो चूका था।

उसने मेरे लंड को अपने हाथों में पकड़ा और लंड को उसके चुत में डालने लगी थी। मेने रोक लिया। मेने उनके कहा कि मुझे कंडोम पहनना होगा। उसने कहा कोई जरुरत नहीं है। फिर भी मेने उनसे इजाजत ली, दौड़ता हुआ हॉल में गया। वही मेरे बैग के पास कंडोम का पैकेट रखा हुआ था। मेने अपने लंड पर कंडोम चढ़ाया और बैडरूम में चला गया। उस मोठी औरत की जमके चुदाई करने।

वो मोठी औरत बैडरूम के दरवाजे पर खड़ी हो गई थी। मेने कस के उसे अपनी बाहों में लिया और उसके पूरे बदन को सहलाने लगा था। वो काफी जोश में आई हुए थी। वो मेरे लंड को जोर से दबा रही थी। मेने उसे बेड पर लिटाया और मशनरी स्टाइल में उसको चोदने लगा। फिर मेने उसकी भारी टंगे फैलाई और ईगल स्टाइल में दे देना दन चोदने लगा। करीब १० मिनट तक उसको चोद रहा था। मेरे पसीने छूट रहे थे। हम दोनों की साँसे तेज बढ़ रही थी।

मेने उसे doggy स्टाइल में चोदने के लिए उलटा झुकाया। जैसे वो मोठी औरत झुक गई, मेने २ मिनट तक उनकी चुत चाटी और फिर धीरे से मेरे लंड को उनकी चुत में खुसेड दिया था। उन्होंने अपने दाये हाथ से खुदके गांड पर एक चाटा मारा था। मै समझ गया था और फिर मेने दे देना दन उनके गांड पर अपने हाथोंसे चाटे मारते हुए तेजी से हिसकोले देते हुए चोदने लगा था। चुदाई की चप चप आवाज पुरे घर में घूम रही थी।

लगबग २ मिनट तक लगातार तेजी से चोदने के बाद, उस मोठी औरत के चुत से रस मलाई निकली। उन्होंने मुझे रोक लिया और खुदको संभलते हुए वाशरूम चले गए।

रात के करीब ३.४० बजे थे। मैं मैडम से मिलने उनकी दूसरे वाले कमरे में चला गया। वहां का नजारा देखकर मेरे तो होश ही उड़ गए थे। दरअसल वो ४ औरते सोने के लिए दूसरे कमरे में नहीं गए थे, बल्कि आपस में समलैंगिक सम्भोग की वासना का आनंद लेने गए थे। चारो औरते एक दूसरे को लिपटे हुए, एक दूसरे के बदन को सहला रहे थे। सभी के आखो में हवस थी और होंठो पर आह हु आहं का मंत्र जप कर रहे थे।

जैसे मुझे एक औरत ने कमरे में आते देखा। उसने मुझे इशारो से अंदर बुलाया और दूसरी औरत की चुप की ओर ऊँगली करते हुए, उस औरत की चुत चाटने का आदेश दिया। मैं तो चुत के पानी का प्यासा था। झटसे उस औरत के चुत को चाटने लगा। एक दूसरी औरत मैडम के चुत में ऊँगली डाल रहे थे। मैं एक औरत की चुत चाट रहा था और दूसरे औरत के चूचिये दबा रहा था। मेरे लंड पर कंडोम चढ़ा हुआ था। मैं चुत को चाटते हुए उस औरत के कमर को चूमते चूमते उनके चूचिये चूसने लगा। साथ ही धीरे धीरे अपने लंड से उनकी चुत पर घिसने लगा। जैसे मौका मिला, मेने तुरंत अपने लंड को उनकी चुत में डाल दिया था।

उस औरत ने तेज धक्का देते हुए मुझे उनसे अलग किया। उन्हें अच्छा नहीं लगा था। उनको चुदाई नहीं चाहिए थी। मेने उनसे माफ़ी मांगी और दूसरी औरत के बदन को सहलाने लगा था। मैडम ने सभी को पूछा कि रैल रैल खेले? वो चारो औरतें एक दुसरो के पीछे doggy स्टाइल में बैठे और पीछे वाली औरत आगे वाली औरत की चुत चाट रहे थे। मैं आखिर की चोवथी औरत के पीछे घुटनो पर बैठकर उस चोवथी औरत की चुत और गांड को एक साथ चाट रहा था।

ज्यादा नहीं कुछ १ मिनट तक रैल चाट हुई थी। फिर चारों एक दूसरे को गले लगकर बिस्तर पर लेट गए। एक औरत ने धीरे से मैडम के कान में कुछ कहा था। मैडम ने मुझे बताया कि उनकी २ सहेलिया मुझपर मूत्रविसर्जन (Golden Shower) करना चाहते है। जैसे मेने कहा “ठीक है”, मैडम और उनकी २ सहेलिया मुझे वाशरूम लेकर गए।

एक औरत ने मेरे कंधो पर हाथ रखकर मुझे घुटनो पर बिठाया और सीधे मेरे मुह में पिशाब करने लगे थे। उनकी पिशाब से बियर का स्वाद आ रहा था। मेने उनकी २ घुट पिशाब पी ली थी, बाकि पूरी पिशाब से मेरा पूरा शरीर भीग चूका था। फिर दूसरी औरत ने पहले मेरे मुह पर उनकी चुत को हलके से रगड़ लिया । फिर उनके दोनों हाथों की उंगलियो से मेरे मुह को फेहलाया और मेरे मुह में तेजी से पिशाब करने लगे थे। उनके पिशाब से भी बियर का स्वाद आ रहा था।

मेरा शरीर पिशाब से पूरी तरह से भीग चूका था। मैडम वही खड़े हुए मूत्रविसर्जन देख रहे थे। मैडम ने मुझसे कहा कि अभी वो सारे सोने वाले है, मैं अच्छेसे नहाकर अपने घर जा सकता हु। जाने से पहले डाइनिंग टेबल पर रखे सफ़ेद लिफाफा लेकर जाना।

सुबह के ४.४० बजे थे। मेने गरम पानी से अच्छेसे नाहा लिया और कपडे पहनकर हॉल में चला गया। मैडम ने डाइनिंग टेबल पर एक सफ़ेद लिफाफा रहा था। जिसमे ₹१५०००/- का धनादेश (cheque) रखा था। यह दूसरी बार था, किसी क्लाइंट ने मुझे धनादेश दिया था। मेने लिफाफा अपनी बैग में रखा और मैडम के घर से विदा लिया था।

इस तरह उस रसीली रात में मैने झूटी बियर, ५ चूतो की रसःमलाई और २ औरतो के पिशाब का स्वाद लिया था। २ औरतो की जमके चुदाई की थी। और बहुत सारी गन्दी घिनोनी चीजे की थी। यह किस्सा मेरे जीवन का सबसे यादगार किस्सो में से एक है।

अगर आप भी किसी महिला समूह से तालुकात रखते हो और आपको भी इससे मिलता जुलता सेक्सी किट्टी पार्टी में रूचि है तो आप मुझे बुला सकते हो। मैं आपके सेक्सी पार्टी में भरपूर जोश और काम वासना का तूफान लेकर आऊंगा।

धन्यवाद।

Leave a Reply